सम्बंधित जानकारी
- भगवान भैरव से जुड़ी यह 21 बातें जानकर दंग रह जाएंगे आप
- भैरव अष्टमी उपाय : घर से निकल जाएंगी हर बुरी शक्ति, बहने लगेंगी खुशी की हवा, इन 10 उपायों से खुश होंगे भैरव बाबा
- कालभैरव जयंती 2018: कैसे जन्मे भैरव, क्या जिम्मेदारी सौंपी भगवान शिव ने उन्हें...
- काल भैरव जयंती 29 नवंबर को, भूलकर भी न करें यह 8 काम, वरना पछताएंगे जीवन भर
- काल भैरव जयंती 2018 : चौंक जाएंगे भैरव के 8 रूप, मंत्र और साधना का तरीका पढ़कर...
भैरवाष्टमी पर विशेष : भैरव के यह 6 मंत्र, करेंगे हर संकट का अंत
भैरव तंत्र में भैरव के प्रचलित मंत्र इस प्रकार हैं...
॥ ॐ हं षं नं गं कं सं खं महाकाल भैरवाय नम:॥
ॐ ह्रीं बटुकाय आपदुद्धारणाचतु य कुरु कुरु बटुकाय ह्रीं ॐ॥
काल भैरव की आराधना के लिए मंत्र है-
॥ॐ भैरवाय नम:॥
बटुक भैरव : 'बटुकाख्यस्य देवस्य भैरवस्य महात्मन:। ब्रह्मा विष्णु, महेशाधैर्वन्दित दयानिधे॥'
- अर्थात् ब्रह्मा, विष्णु, महेशादि देवों द्वारा वंदित बटुक नाम से प्रसिद्ध इन भैरव देव की उपासना कल्पवृक्ष के समान फलदायी है। बटुक भैरव भगवान का बाल रूप है।
ॐ ह्रीं बटुकाय आपदुद्धारणाय
कुरु कुरु बटुकाय ह्रीं
बटुक-भैरव का मंत्र जिसका जप कहीं भी किया जा सकता है।
