सम्बंधित जानकारी
- शाइना एनसी के अपमान पर क्या बोले सीएम शिंदे, संजय राउत ने किया अरविंद सावंत का बचाव
- Maharashtra Assembly Elections 2024 : अरविंद सांवत बोले- हमारे यहां केवल ओरिजनल माल चलता है, शाइना बोलीं- महिला हूं, माल नहीं
- Maharashtra Assembly Elections 2024 : महाराष्ट्र में कांग्रेस को झटका, टिकट न मिलने से नाराज रवि राजा BJP में शामिल
- Maharashtra Election : 90 फीसदी सीटों पर बागियों को मनाने में सफल रहा MVA
- चेन्निथला बोले, MVA में दोस्ताना मुकाबला नहीं, हम अपने बागियों को मनाएंगे
क्या भाजपा ने किया अजित पवार को ब्लैकमेल, कांग्रेस ने लगाए गंभीर आरोप
Maharashtra election 2024 : कांग्रेस ने भाजपा पर राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) के नेता अजित पवार को राजग में लाने के लिए उन्हें ब्लैकमेल करने का आरोप लगाया। पार्टी ने शनिवार को कहा कि इस मामले की जांच कराई जानी चाहिए।
पार्टी महासचिव जयराम रमेश ने महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार की एक हालिया टिप्पणी का हवाला देते हुए सोशल मीडिया मंच एक्स पर लिखा, भाजपा की वॉशिंग मशीन वैसे तो देशभर में अपने काम पर लगी हुई है लेकिन महाराष्ट्र में यह कुछ अधिक ही शक्तिशाली रही है। उप मुख्यमंत्री अजित पवार ने अब इस बात की पुष्टि की है कि भाजपा ने उन्हें राजग में लाने के लिए ब्लैकमेल और जोर-जबरदस्ती का सहारा लिया।
उन्होंने कहा कि 2014 से पहले विपक्ष में रहते हुए भाजपा ने तत्कालीन सिंचाई और जल संसाधन मंत्री अजित पवार पर बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए थे तथा इस दौरान 70,000 करोड़ रुपए के भ्रष्टाचार का दावा किया गया था।
भाजपा की वॉशिंग मशीन वैसे तो देशभर में अपने काम पर लगी हुई है, लेकिन महाराष्ट्र में कुछ ज़्यादा ही शक्तिशाली रही है। उप मुख्यमंत्री अजीत पवार ने अब इस बात की पुष्टि की है कि भाजपा ने उन्हें NDA में लाने के लिए ब्लैकमेल और जोर-जबरदस्ती का सहारा लिया।
— Jairam Ramesh (@Jairam_Ramesh) November 2, 2024
2014 से पहले विपक्ष में रहते…
कांग्रेस नेता ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने यह आरोप लगाने की अगुवाई की थी और राकांपा, जो अब राज्य और केंद्र में उनकी बहुत प्रिय सहयोगी है, को स्वाभाविक रूप से भ्रष्ट पार्टी करार दिया था।
रमेश ने कहा कि अजित पवार ने अब खुलासा किया है कि देवेंद्र फडणवीस ने मुख्यमंत्री बनने के बाद उन्हें कथित सिंचाई घोटाले में अजित पवार के खिलाफ खुली जांच की सिफारिश करने वाली फाइल दिखाई थी। कोई उस खतरे की केवल कल्पना कर सकता है जो इस कदम में निहित था: हमारे सामने समर्पण कर दो या कार्रवाई का सामना करो।
उन्होंने दावा किया कि यह एक गंभीर मामला है, क्योंकि इसमें न केवल जोर-जबरदस्ती और ब्लैकमेल का इस्तेमाल शामिल है, बल्कि गोपनीयता की शपथ और आधिकारिक गोपनीयता अधिनियम का उल्लंघन भी शामिल है। रमेश ने कहा कि इस मामले की जांच कराई जानी चाहिए।
अजित पवार और महाराष्ट्र के कई अन्य विधायक शरद पवार के नेतृत्व वाली राकांपा से अलग होकर पिछले साल राज्य में शिवसेना-भाजपा सरकार में शामिल हो गए थे।
Edited by : Nrapendra Gupta
