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हापुड़ में हैरतअंगेज़ खुलासा! डमी का होना था अंतिम संस्कार

dummy effigy cremation case in Hapur
हापुड़ के गढ़ कोतवाली क्षेत्र स्थित ब्रजघाट से एक ऐसा हैरान करने वाला मामला सामने आया है, यहां एक डमी के अंतिम संस्कार के मामले ने सभी को चौंका दिया है। मामला गढ़मुक्तेश्वर के ब्रजघाट का है, यहां कार सवार 4 युवक डमी पुतलों का अंतिम संस्कार करने पहुंचे। इन चारों ने अंतिम संस्कार के लिए लकड़ी, घी इत्यादि सामग्री खरीदी, चिता पर डमी रखने के लिए कार से निकाली तो ब्रजघाट के नगर निगम सुपरवाइजर को शक हुआ, उसने पूछा कि डमी का अंतिम संस्कार क्यों, असली बॉडी कहां फेंक दी? चारों युवकों की गतिविधि संदिग्ध प्रतीत होने के चलते स्थानीय लोग उनसे पूछताछ करने लगे, संतोषजनक जवाब न मिलने पर पुलिस को बुलाया गया, लेकिन तब तक दो संदिग्ध फरार हो गए। आसपास के लोगों ने दो संदिग्धों को पकड़कर पुलिस को सौंप दिया।

पुलिस हिरासत में आएइन दोनों युवकों ने बताया कि वह I20 कार में सवार होकर हरियाणा से ब्रजघाट पहुंचे थे। इन लोगों ने अंतिम संस्कार की तैयारी के दौरान पुतले को अर्थी पर रखा गया और नगर पालिक कर्मचारियों को फर्जी नाम बताकर चिता को आग देने की कोशिश की गई। कर्मचारियों को शक होने पर उन्होंने मौके पर ही इस फर्जीवाड़े का पर्दाफाश कर दिया और तुरंत पुलिस को सूचना दी।
स्थानीय लोगों की मदद से दो संदिग्धों को धरदबोचा गया, जबकि दो मौके से फरार हो गए। पुलिस ने कार की डिक्‍की की तलाशी ली तो वहां से तीन और डमी पुतले बरामद हुए, जिसे देखकर यह शंका पैदा हो रही है कि इन लोगों द्वारा कोई साजिश रची गई है, जिनके नाम का अंतिम संस्कार हो रहा है उन्हें कहीं गायब किया गया है या मारकर कहीं फेंका दिया है।

यह देखकर लगता है कि डमी दिखाकर एक बड़ी और रहस्यमयी साजिश की आशंका जताई जा रही है। पुलिस पूरे मामले की गंभीरता से जांच कर रही है, आखिर डमी पुतलों का अंतिम संस्कार करने के पीछे मंसूबा क्या था? यह कोई गहरी आपराधिक योजना है या किसी बड़ी वारदात की तैयारी? फिलहाल पूरे क्षेत्र में इस घटना को लेकर दहशत का माहौल बना हुआ है।
सूत्रों के मुताबिक यह जानकारी सामने आई है कि पूरा षड्यंत्र कमल सोमानी नाम के एक कपड़ा व्यापारी द्वारा रचा गया था। उन्होंने अपने नौकर अंशुल के नाम पर लगभग 50 लाख रुपए का बीमा करवाया था। इसके बाद अंशुल को मृत दिखाकर बृजघाट में उसका फर्जी अंतिम संस्कार करने और नकली मृत्यु प्रमाण पत्र हासिल करने की योजना बनाई गई।

बीमा कंपनी से 50 लाख रुपए हड़पने की योजना बनाते हुए आरोपियों द्वारा डमी अंतिम संस्कार कराया जा रहा था। फिलहाल पुलिस दोनों संदिग्धों से पूछताछ कर रही है और संभावना है कि जांच आगे बढ़ने पर इस मामले में कई और चौंकाने वाले तथ्य सामने आ सकते हैं।
Edited By : Chetan Gour
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हिमा अग्रवाल
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