आज आएगा मध्यप्रदेश का पहला डिजिटल बजट, 3 साल के रोडमैप के साथ युवा, किसान और महिलाओं पर होगा फोकस
भोपाल। मध्यप्रदेश का वर्ष 2026-27 का बजट आज आएगा। आज सुबह 11 बजे विधानसभा में पेश होने वाले वित्तीय वर्ष 2026-27 का कुल बजट 4.80 लाख करोड़ रुपए का होने का अनुमान है। सदन में वित्तमंत्री जगदीश देवड़ा प्रदेश के इतिहास का पहला डिजिटल बजट पेश करेंगे। विधानसभा में वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा पारंपरिक ब्रीफकेस के बजाय टैबलेट के माध्यम से बजट भाषण पढ़ते नजर आएंगे। आज विधानसभा में होने वाली कैबिनेट बैठक में बजट को मंजूरी दी जाएगी
इसके साथ बजट की एक और खास बात यह है कि मध्य प्रदेश देश का पहला ऐसा राज्य बनने जा रहा है जो थ्री-ईयर रोलिंग बजट पेश करेगा, जिससे विकास कार्यों में निरंतरता और दीर्घकालिक वित्तीय प्रबंधन सुनिश्चित हो सके। सदन में पेश होने वाले बजट से केवल एक वर्ष नहीं ब्लकि आगामी तीन वर्षों की सरकार की कार्ययोजना की झलक दिखाई देगी।
बजट में किसान और महिलाओं पर खासा फोकस हो सकता है। गौतलब है कि प्रदेश सरकार वर्ष 2026 को कृषि वर्ष के तौर पर बना रही है, इस कारण किसानों के लिए बजट में कई बड़े एलान हो सकते है। बजट में किसानों के कल्याण और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ बनाने का रोडपैम दिखाई दे सकता है। इसके साथ सरकार सिंहस्थ 2028 की तैयारियों के लिए भी बजट में बड़ा प्रावधान कर सकती है।
बजट में महिला सशक्तिकरण पर फोकस होने के साथ लाडली बहनों और स्व सहायता सूमहों के लिए बड़ा आवंटन हो सकता है। हालांकि, राज्य पर बढ़ता कर्ज और राजकोषीय घाटा सरकार के लिए बड़ी चुनौती है, जिसे संतुलित करने के लिए इस बार जीरो बेस्ड बजटिंग के बजाय अनुभवी सुझावों और सार्वजनिक संवाद के आधार पर वित्तीय खाका तैयार किया गया है।
बजट को लेकर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि वित्तीय वर्ष 2026-27 के बजट प्रस्तावों में सभी क्षेत्रों और वर्गों के विकास तथा कल्याण का ध्यान रखा गया है। मुख्यमंत्री ने बजट प्रस्तावों को वर्तमान परिप्रेक्ष्य में बेहतर बताते हुए बजट को विकसित मध्यप्रदेश का रोडमैप बताया।
वहीं बजट से पहले वित्तमंत्री जगदीश देवड़ा ने कहा कि बजट हर वर्ग के कल्याण को समर्पित होगा। ऐसे में अनुमान है कि बजट में भाजपा सरकार सबका साथ-सबका विश्वास के मंत्र को जमीन पर उतारने की कोशिश करती नजर आएगी।