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मेलबर्न टेस्ट में दूसरी पारी में लड़खड़ाई टीम इंडिया, मैच में अब भी पलड़ा भारी
मेलबर्न। तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह की घातक गेंदबाजी से पहली पारी में बड़ी बढ़त हासिल करने पर भी ऑस्ट्रेलिया को फॉलोआन के लिए आमंत्रित नहीं करना भारत को भले ही शुक्रवार को यहां थोड़ा मुश्किल में डाल गया, लेकिन पैट कमिन्स के कातिलाना स्पेल के बावजूद उसने तीसरे टेस्ट क्रिकेट मैच में अपना पलड़ा भारी रखा। बुमराह (33 रन देकर 6 विकेट) की घातक गेंदबाजी के सामने ऑस्ट्रेलिया 151 रन पर ढेर हो गया। इस तरह से भारत ने 292 रन की बढ़त हासिल की।
कप्तान विराट कोहली ने वर्तमान चलन का अनुसरण करते हुए ऑस्ट्रेलिया को फॉलोआन नहीं दिया जबकि भारतीय गेंदबाज भी थके नहीं थे और मौसम विभाग ने अगले दो दिनों में बारिश की भविष्यवाणी की है। अपनी पहली पारी सात विकेट पर 443 रन बनाकर समाप्त घोषित करने वाले भारत ने तीसरे दिन का खेल समाप्त होने तक अपनी दूसरी पारी में पांच विकेट पर 54 रन बनाए हैं और उसकी कुल बढ़त 346 रन की हो गई है।
भारत शीर्ष क्रम लड़खड़ाने पर भी श्रृंखला में 2-1 से बढ़त बनाने की मजबूत स्थिति में है। भारतीय गेंदबाजों ने सुबह शुरू से ही दबाव बनाए रखा। बुमराह अपने पूरे अस्त्रों के साथ एमसीजी पर उतरे थे और उन्होंने अपने करियर का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया। रविंद्र जडेजा ने 45 रन देकर दो जबकि ईशांत शर्मा और मोहम्मद शमी ने एक-एक विकेट हासिल किया। इसके बाद कमिन्स ने (दस रन देकर चार विकेट) ने तीसरा दिन तेज गेंदबाजों के नाम कर दिया। दिनभर में कुल 15 विकेट गिरे जिनमें से 13 विकेट तेज गेंदबाजों ने लिए। अकेले तीसरे सत्र में आठ विकेट गिरे।
भारत की नई सलामी जोड़ी मयंक अग्रवाल (नाबाद 28) और हनुमा विहारी (13) ने पहले 12 ओवर तक विकेट नहीं गिरने दिया लेकिन कमिन्स ने इसके बाद अपने अगले तीन ओवरों में चार विकेट निकालकर स्कोर चार विकेट पर 32 कर दिया। इनमें पहली पारी के शतकवीर चेतेश्वर पुजारा और कोहली भी शामिल थे। ये दोनों खाता भी नहीं खोल पाए। विहारी आउट होने वाले पहले बल्लेबाज थे। उन्होंने कमिन्स की शार्ट पिच गेंद पर गली में कैच दिया। कमिन्स ने अगले ओवर में पुजारा और कोहली दोनों को पैवेलियन की राह दिखाई जिन्होंने पहली पारी में तीसरे विकेट के लिए 170 रन की साझेदारी की थी।
पुजारा ने कमिन्स की फुललेंथ गेंद को फ्लिक किया लेकिन मार्कस हैरिस ने लेग गली में नीचा कैच लेने में गलती नहीं की। कोहली ने फ्लिक करने में जल्दबाजी दिखाई और लेग गली में ही कैच दिया। अजिंक्य रहाणे (एक) ने भी लेग साइड की तरफ जाती गेंद पर विकेट के पीछे कैच थमाया। अपना पहला टेस्ट मैच खेल रहे अग्रवाल ने एक छोर संभाले रखा लेकिन दूसरे छोर से रोहित शर्मा भी पांच रन बनाकर जोश हेजलवुड (13 रन देकर एक विकेट) की शार्ट पिच गेंद को स्लैश करने के प्रयास में स्लिप में कैच दे बैठे। स्टंप उखड़ने के समय अग्रवाल के साथ ऋषभ पंत छह रन पर खेल रहे थे।
इससे पहले बुमराह और ईशांत ने शानदार लाइन लेंथ से ऑस्ट्रेलिया को सुबह से ही संकट में रखा जिसने आज अपनी पारी बिना किसी नुकसान के आठ रन से आगे बढ़ाई थी। ऑस्ट्रेलियाई सलामी जोड़ी ने गेंदबाजों पर हावी होने की रणनीति अपनाई लेकिन उनका यह दांव उलटा पड़ गया। ईशांत ने दिन के पांचवें ओवर में आरोन फिंच (आठ) को मिडविकेट पर अग्रवाल के हाथों कैच करा दिया। इसके चार ओवर बाद मार्कस हैरिस (22) का अपने पुल पर नियंत्रण नहीं रहा और उन्होंने फाइन लेग क्षेत्ररक्षक को कैच थमा दिया। बुमराह का यह दिन का पहला विकेट था। भारत ने इसके बाद दबाव बना दिया।
करीबी क्षेत्ररक्षण सजाकर जडेजा को आक्रमण पर लगा दिया गया। बाएं हाथ के इस स्पिनर ने बाएं हाथ के बल्लेबाजों के लिए ऑफ स्टंप के बाहर बनी खुरदुरी जगह का फायदा उठाया और उस्मान ख्वाजा (21) को शार्ट लेग पर कैच कराया। शान मार्श (19) और हेड ने चौथे विकेट के लिए 36 रन जोड़े लेकिन लंच से ठीक पहले बुमराह की यार्कर का शान मार्श के पास कोई जवाब नहीं था जिस पर वह पगबाधा आउट हो गए। बुमराह को लंच के बाद फिर से विकेट हासिल करने में केवल चार ओवर का इंतजार करना पड़ा। उन्होंने ट्रेविस हेड (20) की गिल्लियां बिखेरीं।
ऑस्ट्रेलिया का स्कोर पांच विकेट पर 92 रन हो गया और मिशेल मार्श (नौ) के आउट होने से उसकी स्थिति और नाजुक हो गई। इस बल्लेबाज ने ऑनसाइड पर फ्लिक करने की कोशिश की लेकिन जडेजा की फ्लाइट लेती गेंद उनके बल्ले का किनारा लेकर स्लिप में कैच कर ली गई। इसके बाद पेन और कमिन्स (17) ने सातवें विकेट के लिए 36 रन जोड़े। कमिन्स जब दो रन पर थे तब विहारी की गेंद पर ऋषभ पंत ने उनका आसान कैच छोड़ा। मोहम्मद शमी ने आक्रमण पर आने के बाद कमिन्स को बोल्ड करके भारत को अगली सफलता दिलाई। बुमराह ने चाय काल के बाद अपने पहले ही ओवर में कप्तान टिम पेन (22) का 85 गेंदों तक चला संघर्ष समाप्त किया और अगले ओवर में नाथन लियोन और हेजलवुड को आउट करके ऑस्ट्रेलियाई पारी समाप्त की।
ये दोनों खाता नहीं खोल पाए। मिशेल स्टार्क सात रन बनाकर नाबाद रहे। भारत ने पहले दो दिन तक बल्लेबाजी की तथा पुजारा (106) के शतक तथा कोहली (82), अग्रवाल (76) और रोहित (नाबाद 63) के अर्धशतकों से सात विकेट पर 443 रन बनाकर पारी समाप्त घोषित की थी। चार टेस्ट मैचों की श्रृंखला अभी 1-1 से बराबरी पर है। भारत ने एडिलेड में पहला टेस्ट 31 से जीता जबकि ऑस्ट्रेलिया ने पर्थ में दूसरा टेस्ट मैच 146 रन से जीतकर श्रृंखला को बराबर किया।
