दृश्यम: द कन्क्लूजन बॉक्स ऑफिस पर रचेगी इतिहास? क्या अजय देवगन की बनेगी सबसे बड़ी ओपनर?
विजय सालगांवकर फिर पुलिस को देगा चकमा? दृश्यम 3 की बंपर ओपनिंग से बॉक्स ऑफिस पर बड़ा खेल शुरू
कुछ किरदार सिर्फ फिल्म का हिस्सा नहीं रहते, वे दर्शकों की याददाश्त का हिस्सा बन जाते हैं। विजय सालगांवकर ऐसा ही किरदार है। दृश्यम की कहानी में उसने पुलिस को सिर्फ चकमा नहीं दिया था, बल्कि दर्शकों को भी अपने साथ खड़ा कर लिया था। अब दृश्यम: द कन्क्लूजन में वही विजय एक बार फिर सामने है। फर्क सिर्फ इतना है कि इस बार दर्शक जानते हैं कि खेल क्या है, लेकिन उन्हें यह नहीं पता कि विजय अगली चाल क्या चलेगा। यही अनिश्चितता फिल्म की सबसे बड़ी ताकत बन चुकी है।
ट्रेलर के बाद एक सवाल लगातार घूम रहा है कि क्या विजय सालगांवकर इस बार भी पुलिस से आगे निकलेगा? या इस बार पुलिस उस तक पहुंच जाएगी? बॉक्स ऑफिस की भाषा में कहें तो यही सवाल टिकट बेच रहा है।
गांधी जयंती की छुट्टी ने खेल आसान कर दिया है
दृश्यम: द कन्क्लूजन की रिलीज डेट अपने आप में एक बड़ा प्लस पॉइंट है। फिल्म 2 अक्टूबर को रिलीज हो रही है और रिलीज के दिन छुट्टी है। उसके बाद शनिवार और रविवार हैं। यानी फिल्म को पहले ही दिन से दर्शकों का मजबूत फुटफॉल हासिल करने का मौका मिलेगा।
फिल्म को लेकर बन चुके बज और एडवांस बुकिंग को देखते हुए करीब 40 से 45 करोड़ रुपये की पहले दिन की कमाई का अनुमान लगाया जा रहा है। अगर यह आंकड़ा हासिल होता है तो इसे सिर्फ एक अच्छी ओपनिंग नहीं कहा जाएगा, बल्कि यह अजय देवगन के करियर के सबसे बड़े ओपनिंग डे रिकॉर्ड के बेहद करीब होगी या उससे भी आगे निकल जाएगी।
यहां एक दिलचस्प बात है। अजय देवगन की सबसे बड़ी ओपनिंग अभी सिंघम अगेन के नाम है, जिसने पहले दिन लगभग 43.70 करोड़ रुपये नेट कमाए थे। इसलिए दृश्यम: द कन्क्लूजन के पास यह रिकॉर्ड तोड़ने का सुनहरा अवसर है। विजय सालगांवकर अजय देवगन के लिए भी एक नया बॉक्स ऑफिस अध्याय लिख सकता है।
दृश्यम 2 ने जो किया, उसके बाद उम्मीदें भी बड़ी हैं
यहां दृश्यम फ्रेंचाइजी का इतिहास सबसे ज्यादा मायने रखता है। 2015 में आई दृश्यम ने भारत में लगभग 67.13 करोड़ रुपये नेट का लाइफटाइम कलेक्शन किया था। हालांकि जितनी फिल्म को चर्चा मिली थी, उतने बॉक्स ऑफिस कलेक्शन नहीं रहे।
फिर आई दृश्यम 2। 2022 में रिलीज हुई इस फिल्म ने करीब 240.54 करोड़ रुपये नेट का लाइफटाइम कलेक्शन किया। यानी फ्रेंचाइजी ने दूसरी फिल्म में ही करीब साढ़े तीन गुना का उछाल देखा।
अब तीसरे भाग के सामने चुनौती साफ है। सिर्फ दृश्यम 2 जैसी ओपनिंग करना काफी नहीं होगा। उसे दर्शकों को इतना मजबूत कारण देना होगा कि वे फिल्म को देखने के बाद दूसरों से भी देखने की बात कहें। क्योंकि 240 करोड़ रुपये का आंकड़ा अब इस फ्रेंचाइजी का नया मनोवैज्ञानिक बेंचमार्क है।
यह सिर्फ थ्रिलर नहीं, परिवार की कहानी भी है
दृश्यम की सबसे महत्वपूर्ण खूबी को अक्सर उसके सस्पेंस के पीछे छोड़ दिया जाता है। यह मूल रूप से एक परिवार की कहानी है। विजय अपने परिवार को बचाने के लिए क्या करता है, कैसे करता है और उसके फैसलों की कीमत क्या है, यही भावनात्मक आधार फिल्म को सिर्फ क्राइम-थ्रिलर से आगे ले जाता है।
यही वजह है कि इसका संभावित दर्शक वर्ग केवल थ्रिलर पसंद करने वाले दर्शकों तक सीमित नहीं है। परिवार के साथ फिल्म देखने वाले दर्शक भी इस फ्रेंचाइजी के महत्वपूर्ण उपभोक्ता हैं। यही फैमिली अपील फिल्म को वीकेंड के बाद भी दर्शक दे सकती है।
असली मुकाबला बॉक्स ऑफिस से नहीं, दर्शकों की उम्मीदों से है
फिल्म के सामने फिलहाल सबसे बड़ी चुनौती कोई दूसरी फिल्म नहीं, बल्कि दृश्यम 2 से बनी दर्शकों की उम्मीदें हैं। यहां गलती की गुंजाइश कम है।
पहली दो फिल्मों ने विजय सालगांवकर और उसकी दुनिया को दर्शकों के लिए स्थापित कर दिया है। अब तीसरे भाग में सिर्फ पुराने फॉर्मूले को दोहराना पर्याप्त नहीं होगा। दर्शक जानना चाहते हैं कि कहानी कहां जाएगी।
क्या पुलिस के पास इस बार कोई ऐसी चाल है जिससे विजय फंस सकता है? क्या विजय के पास पुलिस से बचने की पहले से भी बड़ी योजना है? और सबसे अहम कि क्या कहानी ऐसा अंत देगी जो पूरी फ्रेंचाइजी को एक संतोषजनक निष्कर्ष तक पहुंचाए?
अगर फिल्म इन सवालों के जवाब देने में कामयाब होती है, तो बॉक्स ऑफिस की रफ्तार पहले वीकेंड के बाद भी बनी रह सकती है।
बड़ी फिल्म की कमी का मिलेगा फायदा
रिलीज के शुरुआती दौर में दृश्यम: द कन्क्लूजन के पास अपनी पकड़ मजबूत करने का पर्याप्त मौका है। इसका सीधा फायदा यह होगा कि फिल्म को दर्शकों के बीच अपनी जगह बनाने और वर्ड ऑफ माउथ फैलने का समय मिलेगा।
थ्रिलर फिल्मों में यह बेहद महत्वपूर्ण होता है। पहले दिन दर्शक स्टार और फ्रेंचाइजी के नाम पर आते हैं। दूसरे दिन वे फिल्म की चर्चा सुनकर आते हैं। और उसके बाद वही दर्शक तय करते हैं कि फिल्म लंबी दौड़ लगाएगी या सिर्फ ओपनिंग वीकेंड तक सीमित रह जाएगी। यहीं पर दृश्यम: द कन्क्लूजन की असली परीक्षा होगी।
40 करोड़ शुरुआत है, मंजिल नहीं
फिल्म के पास बड़ी ओपनिंग के लिए इस समय लगभग हर जरूरी चीज मौजूद है। पॉपुलर फ्रेंचाइजी, अजय देवगन, चर्चित किरदार, ट्रेलर से पैदा हुई जिज्ञासा, छुट्टी की रिलीज और मजबूत एडवांस बुकिंग।
इसलिए पहले दिन करीब 45 करोड़ रुपये का आंकड़ा कोई असंभव सपना नहीं लगता। लेकिन बॉक्स ऑफिस में सबसे खतरनाक गलती यही होती है कि ओपनिंग को पूरी फिल्म का फैसला मान लिया जाए।
दृश्यम: द कन्क्लूजन का पहला दिन शानदार हो सकता है। पहला वीकेंड भी जोरदार हो सकता है। लेकिन क्या फिल्म 100 करोड़, 150 करोड़, 200 करोड़ या उससे आगे जाएगी, इसका फैसला विजय सालगांवकर नहीं, दर्शक करेंगे। और दर्शक भी पहले दिन नहीं, फिल्म खत्म होने के बाद फैसला करेंगे।
दृश्यम: द कन्क्लूजन के लिए शुरुआती बॉक्स ऑफिस तस्वीर काफी मजबूत दिखाई दे रही है। 2 अक्टूबर की छुट्टी और पहले से बना बज इसे शानदार शुरुआत की जमीन दे रहे हैं।
करीब 40 करोड़ रुपये की ओपनिंग का अनुमान फिलहाल पूरी तरह चर्चा में है और अगर एडवांस बुकिंग इसी रफ्तार से आगे बढ़ती है तो अजय देवगन के 43.70 करोड़ रुपये के मौजूदा ओपनिंग डे रिकॉर्ड को भी चुनौती मिल सकती है।

