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धनु संक्रांति शुभ मुहूर्त : सुबह से शाम तक कर सकते हैं सूर्य पूजा, बुरे कर्मों के पाप से मिलेगी मुक्ति
सूर्य का किसी राशि में प्रवेश संक्रांति कहलाता है और जब सूर्य धनु राशि में प्रवेश करते हैं तो इसे धनु संक्रांति कहा जाता है। पौष मास की संक्रांति को धनु संक्रांति कहते हैं। यह इस बार 16 दिसंबर को है। इस दिन सूर्य वृश्चिक राशि से निकलकर धनु राशि में प्रवेश करते हैं।
धनु संक्रांति को हेमंत ऋतु शुरू होने पर मनाया जाता है। दक्षिणी भूटान और नेपाल में इस दिन जंगली आलू जिसे तारुल के नाम से जाना जाता है, उसे खाने का रिवाज है। जिस दिन से ऋतु की शुरुआत होती है उसकी पहली तारीख को लोग इस संक्रांति को बड़े ही धूम-धाम से मनाते हैं।
धनु संक्रांति के दिन सूर्यदेव की पूजा करने का बहुत महत्व है। इस दिन सूर्यदेव की पूजा करना बहुत शुभ माना जाता है। इस दिन पवित्र नदियों के जल में स्नान करने से मनुष्यों के द्वारा किये गये बुरे कर्म या पापों से मुक्ति मिलती है। साथ ही इस दिन पूजा करने से भविष्य सूर्य की भांति चमक उठता है।
धनु संक्रांति का शुभ मुहूर्त
धनु संक्रांति सोमवार, दिसंबर 16, 2019 को
धनु संक्रांति पुण्य का- 03:43 बजे से 05:44 तक
अवधि : 02 घंटे 01 मिनट
धनु संक्रांति महा पुण्यकाल : 03:43 बजे से 05:30 तक
अवधि : 01 घंटा 47 मिनट
इन मुहूर्त के अलावा भी 16 दिसंबर को सुबह से शाम तक पूजा की जा सकती है।
